72 जिलों में बनाए गए 2,697 मतदान केंद्र, 152 प्रत्याशियों की किस्मत दांव पर।
लखनऊ उत्तर प्रदेश में विधान परिषद (MLC) की 11 सीटों के लिए मतदान शुरू हो गया है।
पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन सीटों के लिए मतदान।
उत्तर प्रदेश में विधान परिषद (MLC) की 11 सीटों पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में सुबह आठ बजे से मतदान शुरू हो चूका है, जो शाम चार बजे तक चलेगा।
72 जिलों के कुल 14,81,310 मतदाता करेंगे अपने मताधिकार का प्रयोग।
चुनाव में प्रदेश के 72 जिलों के कुल 14,81,310 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। मतदान के लिए 2,697 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इन सीटों पर कुल 152 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। राजधानी लखनऊ में भी शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए वोट डाले जा रहे हैं। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 121-121 मतदेय स्थल बनाए गए हैं।
निष्पक्ष मतदान के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम।
चुनाव को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए निर्वाचन आयोग ने व्यापक व्यवस्थाएं की हैं। निगरानी के लिए 11 प्रेक्षक तैनात किए गए हैं। इसके अलावा सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए 1,041 सेक्टर मजिस्ट्रेट तथा 456 जोनल मजिस्ट्रेट की ड्यूटी लगाई गई है। मतदान प्रक्रिया संपन्न कराने के लिए 12,309 मतदानकर्मियों को तैनात किया गया है।
मतदान केंद्रों पर माइक्रो ऑब्जर्वर और वीडियोग्राफी की व्यवस्था।
चुनाव कार्य के लिए 1,108 भारी और 1,737 हल्के वाहनों की व्यवस्था की गई है। मतदेय स्थलों पर माइक्रो ऑब्जर्वर की तैनाती के साथ वीडियोग्राफी की व्यवस्था भी की गई है, ताकि मतदान प्रक्रिया पर नजर रखी जा सके और किसी भी तरह की अनियमितता को रोका जा सके।
पहचान पत्र दिखाने पर कर सकेंगे मतदान।
मतदान के लिए मतदाता फोटो पहचान पत्र (EPIC) प्रमुख पहचान दस्तावेज है। इसके उपलब्ध न होने की स्थिति में निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित वैकल्पिक पहचान पत्रों का उपयोग किया जा सकता है। इनमें आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड और पासपोर्ट सहित अन्य मान्य दस्तावेज शामिल हैं।
सपा और भाजपा के बीच माना जा रहा है,मुकाबला।
उत्तर प्रदेश की सभी 11 एमएलसी सीटों पर समाजवादी पार्टी (सपा) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच मुकाबला माना जा रहा है। पिछले एमएलसी चुनाव में सपा ने छह सीटों पर, जबकि भाजपा ने पांच सीटों पर जीत दर्ज की थी। ऐसे में इस बार के चुनाव को दोनों दलों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
